ट्रांसफॉर्मर गिरने के मामलें में विघुत विभाग ने जांच की शुरू, ग्रामीणों ने जांच में विभाग पर लगाये लीपापोती के आरोप…
ट्रांसफॉर्मर गिरने के मामलें में विघुत विभाग ने जांच की शुरू, ग्रामीणों ने जांच में विभाग पर लगाये लीपापोती के आरोप…
अधिशासी अभियंता ने मौके पर पहुंच जांची स्थिति…
नियमों को दरकिनार कर मिट्टी में गाढ़ दिए गए पोल
न्यूज़ एप/पांवटा साहिब
कांटी मशवा सड़क पर विधुत बोर्ड का ट्रांसफार्मर गिरने के मामलें में विभाग ने जांच शुरू कर दी है। विधुत बोर्ड के अधिशासी अभियंता ने मौके पर पहुंच कर जायजा लिया। लेकिन ग्रामीणों ने विभाग पर जांच में लिपापोती करने का आरोप लगाया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार देर रात को बारिश होने के कारण कांटी मशवा सड़क पर ढाब गांव के पास विधुत बोर्ड का ट्रासफार्मर धराशाही हो गये था। जिसमें देखने में आया था की ठेकेदार ने खम्भों को दो फिट मिट्टी में ही दबाया था जिसकी नियमों के अनुसार पोल को कंक्रीट के साथ 5 फीट गहरा दबाना होना चाहिये। मामला मीडीया में आने के बाद मंगलवार को विधुत बोर्ड पांवटा साहिब के अधिशासी अभियंता अजय चौधरी ने टीम के साथ मौके पर पहुंच कर जायजा लिया। विभाग का तर्क है की बिजली की लाईन पर पेड़ गिरने से ट्रांसफार्मर जमीन पर गिर गया। कांटी मशवा पंचायत के प्रधान काहन सिंह कंवर,पूर्व उपप्रधान सुरेन्द्र सिंह, अरविंद कंवर,कपिल कुमार आदि ने बताया की विधुत बोर्ड ने लाखों रूपये की लागत से ढाब गांव के लिए बिजली की नई लाईन जोड़ी है। लेकिन संबंधित ठेकेदार ने सभी खंभों को मिट्टी में ही दबाए गये है। जिस कारण बिजली का ट्रांसफार्मर खम्भों समेत सड़क पर गिर गया। जिसमें साफ दिखाई दे रहा है की खम्भों को दो फीट मिट्टी में ही दबाया गया। उसमें कंक्रीट का एक भी बैग नहीं डाला है। लेकिन विभाग के अधिकारी जांच के नाम पर लीपापोती कर रहे है। ग्रामीणों ने बताया की अगर इस मामलें में निष्पक्ष जांच नहीं हुई तो इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से की जायेगी।
उधर बिधुत बोर्ड पांवटा साहिब के अधिशासी अभियंता अजय चौधरी ने बताया की ट्रांसफार्मर गिरने के मामलें में मौके का जायजा लिया गया। इस मामलें की जांच की जायेगी।
